Zulm Shayari “Tere Har Zulm Ka Mere Upar”
Hisaab Tujhko Yaad Dilayenge…..
Qayamat Hone Se Pehle…
Tujhko Har Baar Yeh Ehsas Dilayenge…..

तेरे हर ज़ुल्म का मेरे ऊपर
हिसाब तुझको याद दिलाएंगे ,
क़यामत होने से पहले
तुझको हर बार यह एहसास दिलाएंगे।
تیرے ہر ظلم کا میرے اوپر
حساب تجھکو یاد دلاینگے
قیامت ہونے سے پہلے
تجھکو ہر بار یہ احساس دلاینگے
Garibon Ko Hoti Hai Jail ,
Amiron Ko Milti Hai Bail,
Kuch Or Nhi Hai Doston,
Sab Hai Paison Ka Khel.
Amiron Ko Milti Hai Bail,
Kuch Or Nhi Hai Doston,
Sab Hai Paison Ka Khel.
गरीबों को होती है जेल,
अमीरों को मिलती है बेल,
कुछ और नहीं है दोस्तों
सब है पैसों का खेल |
अमीरों को मिलती है बेल,
कुछ और नहीं है दोस्तों
सब है पैसों का खेल |
گریبوں کو ہوتی ہے جیل
امیروں کو ملتی ہے بیل
کچھ ور نہی ہے دوستو
سب ہے پیسوں کا کھل
امیروں کو ملتی ہے بیل
کچھ ور نہی ہے دوستو
سب ہے پیسوں کا کھل
Ajeeb zulm Karti Hai teri Yaaden Mujh Par,
So Jaao To Jaga Deti Hai,Aur Jaag Jaao To Rula Deti Hai .....
So Jaao To Jaga Deti Hai,Aur Jaag Jaao To Rula Deti Hai .....
अजीब जुल्म करती है तेरी यादें मुझ पर,
सो जाऊ तो जगा देती है, और जाग जाऊ तो रुला देती है…
सो जाऊ तो जगा देती है, और जाग जाऊ तो रुला देती है…
عجیب ظلم کرتی ہے تیری یادیں مجھ پر
سو جاؤ تو جگا دیتی ہے ، اور جاگ جاؤ تو رولا دیتی ہے
سو جاؤ تو جگا دیتی ہے ، اور جاگ جاؤ تو رولا دیتی ہے
Zalim Tha Vo Or Zulm Ki
Aadat Bhi Bahut Thi ,
Majboor The Hum Us se
Mohabbat Bhi Bahut Thi....
Aadat Bhi Bahut Thi ,
Majboor The Hum Us se
Mohabbat Bhi Bahut Thi....
ज़ालिम था वो और ज़ुल्म की
आदत भी बहुत थी ,
मजबूर थे हम उस से
मोहब्बत भी बहुत थी।
आदत भी बहुत थी ,
मजबूर थे हम उस से
मोहब्बत भी बहुत थी।
ظالم تھا وہ اور ظلم کی
عادت بھی بہت تھی
مجبور تھے ہم اس سے
موحبّت بھی بہت تھی
عادت بھی بہت تھی
مجبور تھے ہم اس سے
موحبّت بھی بہت تھی
Zulm Karne Vala Zulm Karke Mit Jaega
Zulm Sehne Vala Zulm Sah Ke
Puri Duniya Ke Dilo Mai Cha Jayega.
Zulm Sehne Vala Zulm Sah Ke
Puri Duniya Ke Dilo Mai Cha Jayega.
ज़ुल्म करने वाला ज़ुल्म करके मिट जायेगा
ज़ुल्म सहने वाला ज़ुल्म सेह के
पूरी दुनिया में छा जायेगा।
ज़ुल्म सहने वाला ज़ुल्म सेह के
पूरी दुनिया में छा जायेगा।
ظلم کرنے والا ظلم کرکے مٹ جاےگا
ظلم سہنے والا ظلم سہ کے
پوری دنیا کے دلو می چا جاےگا
ظلم سہنے والا ظلم سہ کے
پوری دنیا کے دلو می چا جاےگا
Yeh Jo Nazron Se Dil Ko Nidhal karte Ho ,
Karte Ho zulm Magar kamaal Karte Ho..........
Karte Ho zulm Magar kamaal Karte Ho..........
ये जो नज़रो से दिल को निढाल करते हो,
करते हो जुल्म मगर क़माल करते हो….
करते हो जुल्म मगर क़माल करते हो….
یہ جو نظرو سے دل کو نڈھال کرتے ہو
کرتے ہو ظلم مگر کمال کرتے ہو
کرتے ہو ظلم مگر کمال کرتے ہو